BABA JACKSON – इंडिया का Michael Jackson जिसने जीते 1 cr रुपए।

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BABA JACKSON नाम से प्रसिद्ध यह 18 साल के लड़के ने Hritik Roshan से लेकर Amitabh Bachchan तक के बॉलीवुड सितारों को अपने हुनर से किया मोहित। जब शेष भारत डालगोना कॉफी बनाने में व्यस्त था और लॉकडाउन के बारे में शिकायत कर रहा था, तब युवराज सिंह परिहार उर्फ Baba Jackson अपने सपनों के क़रीब जाने की तैयारी कर रहे थे। इसीलिए तो वह Entertainer no.1 online reality show के विजेता बनें। इस शो को वरुण धवन द्वारा Host  किया गया था और यह फ्लिपकार्ट द्वारा प्रायोजित था। 

  • उमंग और महनत से सब मुमकिन है यह बात सिद्ध की है युवराज ने। घर में आइना तक नहीं था फिर भी हार नहीं मानी और अपनी परछाई की मदद ली पर हार नहीं माना।
  • कोशिश करने वालों की हार नहीं होती। युवराज को शुरुआत में बहुत कम मिली पर उन्होंने कभी कोशिश करना नहीं छोड़ा।

आइए जानते है, Baba Jackson के Tiktok star से Internet sensation बनें तक के सफर के बारे में –

युवराज सिंह TIKTOK पर विडियोज बनाया करते थे और वही ऐसा प्लेटफॉर्म था जिससे वह आगे आएं। शुरुआत में उनके पास पहने के लिए अच्छे कपड़े याँ नाचने के लिए अच्छे जूते तक नहीं थे। एक 18 साल का जिसकी प्रशंसा Hritik Roshan ने तक Twitter पर की थी। युवराज का वीडियो दाल कर Hritik Roshan ने “smoothest airwalker I have seen” लिखा था। जिससे वह Inspire और Confident  हुए और उन्हें चाहने वाले लोग भी बड़े। पर किसे पता था कि एक 18 वर्ष का बालक जो पढ़ाई में अधिक रुचि नहीं रखता था और शुरुआत में सिर्फ हार ही मिली वह लड़का 1 करोड़ रुपये की राशि पाएं गा। युवराज सिंह के बहुत कम दोस्तों को युवराज के हुनर और Tiktok पर कामयाबी के बारे में पता था। 

इतना ही नहीं बल्कि BABA Jackson के  परिवाजनों को भी उनके रिश्तेदारों से पता चला था उनके Tiktok star बनने के बारे में। यहां तक खुद को स्टार तक नहीं मानते थे ऐसा उन्होंने एक डाँस के शो में कहा था।

यह कहानी 2017 में शुरू हुई जब वह अपने परिवारजनों के साथ munna Michael मूवी देख के आए। उनका परिवार Tiger shroff का बहुत बड़ा फैन है। YouTube पर उनके नृत्य वीडियो देखना शुरू किया और वह steps copy भी किए।

ऐसे तो उनकी माँ नीलम पहले एक शिक्षिका हुआ करती थी। वह जानते थे कि वह अपने माता-पिता से पैसे नहीं माँग सकते है डाँसिंग स्कूल जाने के लिए। इसीलिए वह खुद ही घर पर YouTube से सीखते थे। परन्तु, फिर भी उनके यहां हमेशा की  network की समस्या रहती थी। किसी ने कभी सोचा भी नहीं होगा कि जोधपुर का रहने वाला एक साधारण सा बालक इतनी ऊंचाई हासिल करेगा ज़िन्दगी में वो भी एक Failure student। पर कभी हार नहीं माने हमेशा कोशिश की और आज सफलता उनके कदम चूम रही है। 10 वी कक्षा के बाद उनमें यह जुनून आया था। उनकी माँ हमेशा उन्हें प्रोत्साहन देती नुत्य करने के लिए।

वह हमेशा यह ही संदेश देना चाहते है, की किसी को भी हमेशा उनके शिक्षा के परिणामों पर नहीं देख ना चाहिए हमेशा हर बच्चा पढ़ाई में अच्छा हो यह जरूरी नहीं है।

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